श्रीनगर (गढ़वाल)। भाजपा की वरिष्ठ नेत्री एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री रीता बहुगुणा के पति स्वर्गीय पूरन चंद्र जोशी की अस्थियां मंगलवार को श्रीनगर गढ़वाल स्थित आईटीआई घाट पर अलकनंदा नदी के तट पर पूरे वैदिक रीति-रिवाजों के साथ विसर्जित की गईं। अस्थि विसर्जन संस्कार उनके कुलपुरोहित पंडित किशोर जोशी एवं अभिषेक बहुगुणा के वैदिक मंत्रोच्चार के बीच सम्पन्न हुआ। इस दौरान स्व. जोशी के पुत्र मयंक जोशी और पुत्रवधु ऋचा जोशी ने विधिवत पूजा-अर्चना कर अंतिम संस्कार की परंपराएं निभाईं।
ज्ञात हो कि पूरन चंद्र जोशी का हाल ही में लखनऊ के एक अस्पताल में उपचार के दौरान निधन हो गया था। उनका अंतिम संस्कार प्रयागराज में किया गया था। मंगलवार को उनकी पैतृक घाट श्रीनगर गढ़वाल में अलकनंदा तट पर अस्थियों का विसर्जन किया गया। स्वर्गीय पूरन चंद्र जोशी मूल रूप से पौड़ी गढ़वाल जनपद के पाबौ ब्लॉक अंतर्गत ग्राम गडेरा, पट्टी खातस्यूं के निवासी थे।
कार्यक्रम में उनके परिवार के सदस्य, जिनमें चाचा कमलेश जोशी तथा भतीजे विनोद जोशी और भारतेंदु जोशी भी उपस्थित रहे। पूरन चंद्र जोशी ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा राजकीय इंटरमीडिएट कॉलेज, श्रीनगर गढ़वाल से प्राप्त की थी, जबकि बीएससी की पढ़ाई उन्होंने गढ़वाल विश्वविद्यालय के बिड़ला परिसर से की थी। उनके पिता गोपाल दत्त जोशी राजकीय इंटर कॉलेज श्रीनगर में शिक्षक के पद पर कार्यरत रहे थे। अस्थि विसर्जन के उपरांत मयंक जोशी ने परिवार सहित शिशु मंदिर परिसर और राजकीय इंटर कॉलेज श्रीनगर का भी भ्रमण किया तथा अपने पिता से जुड़ी पुरानी स्मृतियों को ताजा किया।

